जगमगाती रातें, सकारात्मक सोच
खुद में ढूंढ लो, संवेदना का जोश।
जीवन के सफर में, दिखाए राह नयी
हार न मानो कभी, हार का वही अर्थी।
ऊंचाईयों की पीक, छूना चाहिए कभी
आलसी न सोना, इंसान को भायी।
स्वानुभूति की शक्ति, हो आपके साथ
नाम पर अक्बर का, हुनर कर हार्ष।
विवश हो जब तुम, तुम्हें जो कुछ मिले
तो सहारे की तलाश में, खुद को मत खोले।
काफी किरदार लेकर, विचार करो आगे
हर कदम पर, जैसे सितारों वाले सफर।
जीवन की राहों में, ज्यों कि प्रेरणा की रौशनी
मिले तुम्हें सफलता, दिलाए ये कहानी।
तुम खुद एक उत्साही, तुम खुद एक जोशी
प्रेरणा की तलाश में, गम्भीरता से खोजी।
उत्साहित करने वाली, है ये कविता
प्रेरित करे आपको, प्रेरणा का संदेश यहाँ।
-कवि लोकेश
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