प्रेरणा (Inspiration)
चले चलो, जोश से भरे,
हर मुश्किल को पार करें।
सपने जो देखे हैं हमने,
उनसे कभी न दूर रहें।
अंधेरी रात में न हो उदासी,
चले आओ तुम, दिखाओ रासी।
सपनों की छांव में खुद को पाओ,
प्रेरणा से हर राह में चलाओ।
पंचतत्त्व से शुद्ध ये मन,
संकलन हो जहां, वहीं नित नवन।
जो ठान लो मन में, वो कर दिखाओ,
हर कठिनाई से जूझो, खुद को जगाओ।
हर गिरने पर ताजगी मिले,
हर हार में खुशी के पल खिले।
संसार में तुम एक तारे जैसे,
चमको और सबको जगाओ, प्यारे जैसे।
तो उठो, बढ़ो, ना थक जाओ,
हार-जीत को खुद में समाओ।
जीवन की इस सुंदर यात्रा में,
प्रेरणा की रोशनी हर पल ताओ।
-कवि लोकेश
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